स्टेप 01 — अपनी फ़ोटो अपलोड करें
एक श्वेत-श्याम या फीकी फ़ोटो चुनें। AI टोन, बनावट और संदर्भ को पढ़कर वास्तविक और विश्वसनीय रंग की योजना बनाता है।
एक श्वेत-श्याम फ़ोटो अपलोड करें, वास्तविक रंग जोड़ें और एक जीवंत छवि एक्सपोर्ट करें — सब कुछ Cleep.ai के भीतर।
एक श्वेत-श्याम या फीकी फ़ोटो चुनें। AI टोन, बनावट और संदर्भ को पढ़कर वास्तविक और विश्वसनीय रंग की योजना बनाता है।
वह आस्पेक्ट रेशियो चुनें जो आपके उपयोग के अनुकूल हो — एल्बम के लिए वर्गाकार, प्रिंट के लिए लंबवत, या फ़्रेमिंग के लिए चौड़ा।
प्राकृतिक रंग कुछ ही सेकंड में जुड़ जाता है। अपनी रंगीन फ़ोटो डाउनलोड करें, सहेजने, साझा करने या प्रिंट करने के लिए तैयार।

Cleep AI का AI Image Colorizer फोटो अपलोड होते ही auto colorize engine के जरिए रंगों का अनुमान लगाकर प्रीव्यू तैयार करता है। यह colorize online engine ब्राउज़र से चल जाता है, इसलिए इंस्टॉल किए बिना आप तुरंत परिणाम देख सकते हैं। पोर्ट्रेट में बेहतर संगति के लिए वैकल्पिक संदर्भ फोटो जोड़ें और डाउनलोड से पहले ज़ूम करके चेहरे, कपड़ों और बैकग्राउंड के रंगों की जाँच करें।

परिवार की पुरानी एल्बम तस्वीरों में रंग जोड़कर आप उन्हें शेयर-रेडी बना सकते हैं, खासकर जब मूल प्रिंट फीका पड़ गया हो। स्कूल/संस्था के आर्काइव में ब्लैक-एंड-व्हाइट इमेज को रंगीन करके प्रदर्शनी, प्रेज़ेंटेशन या डॉक्यूमेंटेशन अधिक जीवंत लगता है। क्रिएटर्स थंबनेल और सोशल पोस्ट के लिए आउटपुट बनाते समय पहले/बाद का GIF या छोटा वीडियो प्रीव्यू रिकॉर्ड कर सकते हैं, ताकि बदलाव स्पष्ट दिखे।

कलराइज़ेशन के बाद त्वचा टोन, कपड़ों के प्रमुख रंग और बैकग्राउंड के न्यूट्रल शेड्स पर ध्यान देकर क्वालिटी रिव्यू करें, क्योंकि neural networks कभी-कभी संदर्भ कम होने पर अनुमानित रंग चुन सकती हैं। यदि किसी हिस्से में रंग अस्वाभाविक लगे, तो अलग संदर्भ फोटो जोड़कर या दूसरी स्कैन/इनपुट इमेज से दोबारा प्रोसेस करके तुलना करें। अंतिम चयन से पहले ज़ूम करके किनारों पर रंग फैलाव (bleeding) और दानेदार हिस्सों में पैचिंग की जाँच करना उपयोगी रहता है।

यदि फोटो में स्क्रैच, फोल्ड मार्क या भारी नॉइज़ हो, तो पहले AI Photo Repair से डैमेज कम करके फिर कलराइज़ेशन करने पर रंग अधिक स्थिर दिख सकते हैं। लोगों की तस्वीरों पर काम करते समय, खासकर सार्वजनिक शेयर या कमर्शियल उपयोग के लिए, संबंधित व्यक्ति/परिवार की सहमति लेना जरूरी है। बहुत कम रोशनी या अत्यधिक कंप्रेस्ड इमेज में रंग ऐतिहासिक रूप से सटीक नहीं हो सकते, इसलिए प्रीव्यू को “सबसे प्राकृतिक” विकल्प मानकर सत्यापित करें।

यदि आपको कई इमेज एक साथ प्रोसेस करनी हों, तो बैच वर्कफ़्लो में एक ही स्टाइल के साथ आउटपुट निकालकर समय बचाया जा सकता है। इंटीग्रेशन टीम API के जरिए अपलोड, प्रोसेस और डाउनलोड को ऑटोमेट कर सकती है, ताकि आर्काइव या कंटेंट पाइपलाइन में कलराइज़ेशन सीधे जुड़ जाए। हर बैच के बाद कुछ सैंपल इमेज पर क्वालिटी चेक करके स्किन टोन और बैकग्राउंड शेड्स की संगति सुनिश्चित करें।
